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39
بَل كَذَّبوا بِما لَم يُحيطوا بِعِلمِهِ وَلَمّا يَأتِهِم تَأويلُهُ ۚ كَذٰلِكَ كَذَّبَ الَّذينَ مِن قَبلِهِم ۖ فَانظُر كَيفَ كانَ عاقِبَةُ الظّالِمينَ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

बल्कि बात यह है कि जिस चीज़ के ज्ञान पर वे हावी न हो सके, उसे उन्होंने झुठला दिया और अभी उसका परिणाम उनके सामने नहीं आया। इसी प्रकार उन लोगों ने भी झुठलाया था, जो इनसे पहले थे। फिर देख लो उन अत्याचारियों का कैसा परिणाम हुआ!