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78
وَجاءَهُ قَومُهُ يُهرَعونَ إِلَيهِ وَمِن قَبلُ كانوا يَعمَلونَ السَّيِّئَاتِ ۚ قالَ يا قَومِ هٰؤُلاءِ بَناتي هُنَّ أَطهَرُ لَكُم ۖ فَاتَّقُوا اللَّهَ وَلا تُخزونِ في ضَيفي ۖ أَلَيسَ مِنكُم رَجُلٌ رَشيدٌ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

उसकी क़ौम के लोग दौड़ते हुए उसके पास आ पहुँचे। वे पहले से ही दुष्कर्म किया करते थे। उसने कहा, "ऐ मेरी क़ौम के लोगो! ये मेरी (क़ौम की) बेटियाँ (विधिवत विवाह के लिए) मौजूड है। ये तुम्हारे लिए अधिक पवित्र है। अतः अल्लाह का डर रखो और मेरे अतिथियों के विषय में मुझे अपमानित न करो। क्या तुममें एक भी अच्छी समझ का आदमी नहीं?"