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47
وَهُوَ الَّذي جَعَلَ لَكُمُ اللَّيلَ لِباسًا وَالنَّومَ سُباتًا وَجَعَلَ النَّهارَ نُشورًا

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

और वही तो वह (ख़ुदा) है जिसने तुम्हारे वास्ते रात को पर्दा बनाया और नींद को राहत और दिन को (कारोबार के लिए) उठ खड़ा होने का वक्त बनाया