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22
وَتِلكَ نِعمَةٌ تَمُنُّها عَلَيَّ أَن عَبَّدتَ بَني إِسرائيلَ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

यही वह उदार अनुग्रह है जिसका रहमान तू मुझपर जताता है कि तूने इसराईल की सन्तान को ग़ुलाम बना रखा है।"