You are here: Home » Chapter 32 » Verse 13 » Translation
← Sura 32 →
← Aya 13 →
13
وَلَو شِئنا لَآتَينا كُلَّ نَفسٍ هُداها وَلٰكِن حَقَّ القَولُ مِنّي لَأَملَأَنَّ جَهَنَّمَ مِنَ الجِنَّةِ وَالنّاسِ أَجمَعينَ

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

और अब तो हमको (क़यामत का)े पूरा पूरा यक़ीन है और (ख़ुदा फरमाएगा कि) अगर हम चाहते तो दुनिया ही में हर शख़्श को (मजबूर करके) राहे रास्त पर ले आते मगर मेरी तरफ से (रोजे अज़ा) ये बात क़रार पा चुकी है कि मै जहन्नुम को जिन्नात और आदमियों से भर दूँगा