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5
وَمَن أَضَلُّ مِمَّن يَدعو مِن دونِ اللَّهِ مَن لا يَستَجيبُ لَهُ إِلىٰ يَومِ القِيامَةِ وَهُم عَن دُعائِهِم غافِلونَ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

आख़़िर उस व्यक्ति से बढ़कर पथभ्रष्ट और कौन होगा, जो अल्लाह से हटकर उन्हें पुकारता हो जो क़ियामत के दिन तक उसकी पुकार को स्वीकार नहीं कर सकते, बल्कि वे तो उनकी पुकार से भी बेख़बर है;