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9
يَومَ يَجمَعُكُم لِيَومِ الجَمعِ ۖ ذٰلِكَ يَومُ التَّغابُنِ ۗ وَمَن يُؤمِن بِاللَّهِ وَيَعمَل صالِحًا يُكَفِّر عَنهُ سَيِّئَاتِهِ وَيُدخِلهُ جَنّاتٍ تَجري مِن تَحتِهَا الأَنهارُ خالِدينَ فيها أَبَدًا ۚ ذٰلِكَ الفَوزُ العَظيمُ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

इकट्ठा होने के दिन वह तुम्हें इकट्ठा करेगा, वह परस्पर लाभ-हानि का दिन होगा। जो भी अल्लाह पर ईमान लाए और अच्छा कर्म करे उसकी बुराईयाँ अल्लाह उससे दूर कर देगा और उसे ऐसे बाग़ों में दाख़िल करेगा जिनके नीचे नहरें बह रही होंगी, उनमें वे सदैव रहेंगे। यही बड़ी सफलता है