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29
قُل أَمَرَ رَبّي بِالقِسطِ ۖ وَأَقيموا وُجوهَكُم عِندَ كُلِّ مَسجِدٍ وَادعوهُ مُخلِصينَ لَهُ الدّينَ ۚ كَما بَدَأَكُم تَعودونَ

फ़ारूक़ ख़ान & अहमद

कह दो, "मेरे रब ने तो न्याय का आदेश दिया है और यह कि इबादत के प्रत्येक अवसर पर अपना रुख़ ठीक रखो और निरे उसी के भक्त एवं आज्ञाकारी बनकर उसे पुकारो। जैसे उसने तुम्हें पहली बार पैदा किया, वैसे ही तुम फिर पैदा होगे।"