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30
قُل لِلمُؤمِنينَ يَغُضّوا مِن أَبصارِهِم وَيَحفَظوا فُروجَهُم ۚ ذٰلِكَ أَزكىٰ لَهُم ۗ إِنَّ اللَّهَ خَبيرٌ بِما يَصنَعونَ

फ़ारूक़ ख़ान & नदवी

(ऐ रसूल) ईमानदारों से कह दो कि अपनी नज़रों को नीची रखें और अपनी शर्मगाहों की हिफाज़त करें यही उनके वास्ते ज्यादा सफाई की बात है ये लोग जो कुछ करते हैं ख़ुदा उससे यक़ीनन ख़ूब वाक़िफ है